तिङन्तावली ?नीव्
Roma
अप्रत्ययान्तधातु
लट्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवति
नीवतः
नीवन्ति
मध्यम
नीवसि
नीवथः
नीवथ
उत्तम
नीवामि
नीवावः
नीवामः
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवते
नीवेते
नीवन्ते
मध्यम
नीवसे
नीवेथे
नीवध्वे
उत्तम
नीवे
नीवावहे
नीवामहे
कर्मणि
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीव्यते
नीव्येते
नीव्यन्ते
मध्यम
नीव्यसे
नीव्येथे
नीव्यध्वे
उत्तम
नीव्ये
नीव्यावहे
नीव्यामहे
लङ्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
अनीवत्
अनीवताम्
अनीवन्
मध्यम
अनीवः
अनीवतम्
अनीवत
उत्तम
अनीवम्
अनीवाव
अनीवाम
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
अनीवत
अनीवेताम्
अनीवन्त
मध्यम
अनीवथाः
अनीवेथाम्
अनीवध्वम्
उत्तम
अनीवे
अनीवावहि
अनीवामहि
कर्मणि
एक
द्वि
बहु
प्रथम
अनीव्यत
अनीव्येताम्
अनीव्यन्त
मध्यम
अनीव्यथाः
अनीव्येथाम्
अनीव्यध्वम्
उत्तम
अनीव्ये
अनीव्यावहि
अनीव्यामहि
लिङ्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवेत्
नीवेताम्
नीवेयुः
मध्यम
नीवेः
नीवेतम्
नीवेत
उत्तम
नीवेयम्
नीवेव
नीवेम
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवेत
नीवेयाताम्
नीवेरन्
मध्यम
नीवेथाः
नीवेयाथाम्
नीवेध्वम्
उत्तम
नीवेय
नीवेवहि
नीवेमहि
कर्मणि
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीव्येत
नीव्येयाताम्
नीव्येरन्
मध्यम
नीव्येथाः
नीव्येयाथाम्
नीव्येध्वम्
उत्तम
नीव्येय
नीव्येवहि
नीव्येमहि
लोट्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवतु
नीवताम्
नीवन्तु
मध्यम
नीव
नीवतम्
नीवत
उत्तम
नीवानि
नीवाव
नीवाम
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीवताम्
नीवेताम्
नीवन्ताम्
मध्यम
नीवस्व
नीवेथाम्
नीवध्वम्
उत्तम
नीवै
नीवावहै
नीवामहै
कर्मणि
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीव्यताम्
नीव्येताम्
नीव्यन्ताम्
मध्यम
नीव्यस्व
नीव्येथाम्
नीव्यध्वम्
उत्तम
नीव्यै
नीव्यावहै
नीव्यामहै
लृट्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीविष्यति
नीविष्यतः
नीविष्यन्ति
मध्यम
नीविष्यसि
नीविष्यथः
नीविष्यथ
उत्तम
नीविष्यामि
नीविष्यावः
नीविष्यामः
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीविष्यते
नीविष्येते
नीविष्यन्ते
मध्यम
नीविष्यसे
नीविष्येथे
नीविष्यध्वे
उत्तम
नीविष्ये
नीविष्यावहे
नीविष्यामहे
लुट्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीविता
नीवितारौ
नीवितारः
मध्यम
नीवितासि
नीवितास्थः
नीवितास्थ
उत्तम
नीवितास्मि
नीवितास्वः
नीवितास्मः
लिट्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
निनीव
निनीवतुः
निनीवुः
मध्यम
निनीविथ
निनीवथुः
निनीव
उत्तम
निनीव
निनीविव
निनीविम
आत्मनेपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
निनीवे
निनीवाते
निनीविरे
मध्यम
निनीविषे
निनीवाथे
निनीविध्वे
उत्तम
निनीवे
निनीविवहे
निनीविमहे
आशीर्लिङ्
परस्मैपदे
एक
द्वि
बहु
प्रथम
नीव्यात्
नीव्यास्ताम्
नीव्यासुः
मध्यम
नीव्याः
नीव्यास्तम्
नीव्यास्त
उत्तम
नीव्यासम्
नीव्यास्व
नीव्यास्म
कृदन्त
क्त
नीव्त
m.
n.
नीव्ता
f.
क्तवतु
नीव्तवत्
m.
n.
नीव्तवती
f.
शतृ
नीवत्
m.
n.
नीवन्ती
f.
शानच्
नीवमान
m.
n.
नीवमाना
f.
शानच् कर्मणि
नीव्यमान
m.
n.
नीव्यमाना
f.
लृडादेश पर
नीविष्यत्
m.
n.
नीविष्यन्ती
f.
लृडादेश आत्म
नीविष्यमाण
m.
n.
नीविष्यमाणा
f.
तव्य
नीवितव्य
m.
n.
नीवितव्या
f.
यत्
नीव्य
m.
n.
नीव्या
f.
अनीयर्
नीवनीय
m.
n.
नीवनीया
f.
लिडादेश पर
निनीव्वस्
m.
n.
निनीवुषी
f.
लिडादेश आत्म
निनीवान
m.
n.
निनीवाना
f.
अव्यय
तुमुन्
नीवितुम्
क्त्वा
नीव्त्वा
ल्यप्
॰नीव्य
Top
|
Index
|
Grammar
|
Sandhi
|
Reader
|
Corpus
© Gérard Huet 1994-2025